गाज़ियाबाद | लगातार हो रही बारिश ने शुक्रवार की देर शाम गाज़ियाबाद के लोन अंकुर विहार पुलिस कार्यालय में दर्दनाक हादसे का रूप ले लिया। दफ्तर में कार्यरत पेशकार वीरेंद्र कुमार मिश्रा की उस समय मौत हो गई, जब विश्राम कर रहे उनके कमरे की छत अचानक भरभराकर गिर गई। हादसे के वक्त वीरेंद्र मिश्रा अंदर ही मौजूद थे और मलबे में दब गए। आनन-फानन में उन्हें अस्पताल पहुंचाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
हादसे के बाद मौके पर मौजूद लोगों और मजदूरों की मदद से मलबा हटाया गया। दृश्य अत्यंत दर्दनाक था, जहां ईंटें, सरिया और टूटी दीवारें एक-दूसरे में गड्ढे के रूप में समा चुकी थीं। वीरेंद्र मिश्रा का शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है।पुलिस ने मौके का निरीक्षण किया और छत गिरने के कारणों की जांच शुरू कर दी है। जानकारी के मुताबिक, यह कार्यालय दो वर्ष पूर्व बना था और निर्माण में किस प्रकार की सामग्री का प्रयोग हुआ था, इस पर सवाल उठ रहे हैं। पुलिस का कहना है कि जिस ठेकेदार द्वारा निर्माण कार्य कराया गया था, उसकी भूमिका की जांच की जाएगी।एक राहत की बात यह रही कि यह हादसा रात के समय हुआ, जब दफ्तर में कम लोग मौजूद थे। दिन में यहां 6-7 पुलिसकर्मी नियमित रूप से तैनात रहते हैं, ऐसे में दिन में हादसा होता तो जनहानि और अधिक हो सकती थी।एसीपी अंकुर विहार अजय कुमार सिंह ने बताया कि यह हादसा बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। सभी पहलुओं की जांच की जा रही है। निर्माण की गुणवत्ता और ठेकेदार की भूमिका की पूरी जांच कराई जाएगी। दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।












